अंतिम संशोधित (Last Updated): October 22, 2026
⚡ संक्षिप्त उत्तर
डॉ. भीमराव रामजी अंबेडकर (14 अप्रैल 1891 – 6 दिसंबर 1956) अर्थशास्त्री, विधिवेत्ता, समाज-सुधारक और राजनेता थे, जिन्हें बाबासाहेब कहा जाता है। उनका जन्म महू (मध्य प्रदेश) में हुआ। वे संविधान सभा की प्रारूप समिति के अध्यक्ष और स्वतंत्र भारत के पहले कानून मंत्री थे। 14 अक्टूबर 1956 को उन्होंने नागपुर में बौद्ध धर्म अपनाया और 1990 में उन्हें भारत रत्न (मरणोपरांत) दिया गया। उनका नारा था: “शिक्षित बनो, संगठित रहो, संघर्ष करो।”
डॉ. भीमराव रामजी अंबेडकर (14 अप्रैल 1891 – 6 दिसंबर 1956) अर्थशास्त्री, विधिवेत्ता, समाज-सुधारक और राजनेता थे, जिन्हें बाबासाहेब कहा जाता है। उनका जन्म महू (मध्य प्रदेश) में हुआ। वे संविधान सभा की प्रारूप समिति के अध्यक्ष और स्वतंत्र भारत के पहले कानून मंत्री थे। 14 अक्टूबर 1956 को उन्होंने नागपुर में बौद्ध धर्म अपनाया और 1990 में उन्हें भारत रत्न (मरणोपरांत) दिया गया। उनका नारा था: “शिक्षित बनो, संगठित रहो, संघर्ष करो।”
🎂
14 अप्रैल 1891
जन्म, महू
📜
संविधान
प्रारूप समिति अध्यक्ष
☸️
14 अक्टूबर 1956
बौद्ध धर्म ग्रहण
🏅
भारत रत्न
1990
अंबेडकर से जुड़े प्रश्न लगभग हर परीक्षा में आते हैं: जन्म, शिक्षा, पत्र-पत्रिकाएँ, आंदोलन, संविधान में भूमिका और रचनाएँ। इस पोस्ट में उनका जीवन कालक्रम से दिया है और साथ में अभ्यास प्रश्न भी हैं।

📌 जीवन एक नज़र में
| बिंदु | जानकारी |
|---|---|
| पूरा नाम | भीमराव रामजी अंबेडकर (परिवार का मूल उपनाम सकपाल) |
| जन्म | 14 अप्रैल 1891, महू छावनी (अब डॉ. अंबेडकर नगर), मध्य प्रदेश |
| पिता | रामजी मालोजी सकपाल, सेना में सूबेदार |
| माता | भीमाबाई (निधन 1896) |
| जाति / समुदाय | महार, जिसे उस समय अस्पृश्य माना जाता था |
| विवाह | 1906 में रमाबाई से |
| निधन | 6 दिसंबर 1956, दिल्ली (अंतिम संस्कार मुंबई की चैत्यभूमि में) |
| सम्मान | भारत रत्न (1990, मरणोपरांत) |
🏫 बचपन और शिक्षा
- बचपन में स्कूल में उन्हें जातिगत भेदभाव सहना पड़ा। उन्हें कक्षा में अलग बैठाया जाता था और पानी भी ऊँचाई से डालकर पिलाया जाता था।
- उपनाम “अंबेडकर” उन्हें उनके एक शिक्षक कृष्णाजी केशव अंबेडकर की वजह से मिला, जो उनसे स्नेह रखते थे।
- 1907 में मैट्रिक पास किया। इसके बाद एलफिन्स्टन कॉलेज, बंबई से पढ़ाई की और 1912 में बी.ए. किया।
- बड़ौदा के महाराजा सयाजीराव गायकवाड़ की छात्रवृत्ति पर अमेरिका के कोलंबिया विश्वविद्यालय गए, जहाँ से उन्होंने एम.ए. (1915) और बाद में पी-एच.डी. (डिग्री 1927 में) की।
- इसके बाद लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स में पढ़ाई की, एम.एससी. और डी.एससी. की उपाधियाँ मिलीं और ग्रे’स इन से बैरिस्टर बने (1922)।
| वर्ष | घटना |
|---|---|
| 1907 | मैट्रिक परीक्षा पास |
| 1912 | बंबई विश्वविद्यालय से स्नातक |
| 1913-1915 | कोलंबिया विश्वविद्यालय, अमेरिका: अर्थशास्त्र में अध्ययन |
| 1917 | पढ़ाई के बाद भारत लौटे और बड़ौदा रियासत में सैन्य सचिव बने; जातिगत भेदभाव के कारण नौकरी छोड़ी |
| 1920 के बाद | इंग्लैंड में दोबारा पढ़ाई; 1922 में बैरिस्टर |
| 1923 | बंबई उच्च न्यायालय में वकालत शुरू |
बड़ौदा में नौकरी के दौरान उन्हें रहने की जगह के लिए पारसी सराय में ठहरना पड़ा, जहाँ पहचान सामने आने पर उन्हें अपमानित कर निकाल दिया गया। इस अनुभव ने उनके संकल्प को पक्का किया कि अस्पृश्यता के विरुद्ध संघर्ष करना है।
📰 पत्रिकाएँ और संगठन
| वर्ष | पत्र/संगठन | विवरण |
|---|---|---|
| 1920 | मूकनायक | मराठी पाक्षिक पत्र |
| 1924 | बहिष्कृत हितकारिणी सभा | दलितों की शिक्षा और उत्थान के लिए |
| 1927 | बहिष्कृत भारत | 3 अप्रैल 1927 से प्रकाशन |
| 1928 | समता | समाचार पत्र |
| 1930 | जनता | पत्र |
| 1936 | स्वतंत्र मजदूर पार्टी | अपना पहला राजनीतिक दल |
| 1942 | अनुसूचित जाति संघ | राजनीतिक संगठन |
| 1956 | प्रबुद्ध भारत | पत्र |
✊ सामाजिक आंदोलन
- महाड़ सत्याग्रह (20 मार्च 1927): महाड़ के चवदार तालाब से दलितों को पानी लेने का अधिकार दिलाने के लिए आंदोलन।
- मनुस्मृति दहन (25 दिसंबर 1927): महाड़ में जाति-आधारित असमानता के विरोध में प्रतीकात्मक दहन।
- कालाराम मंदिर सत्याग्रह (मार्च 1930): नासिक के कालाराम मंदिर में अछूतों के प्रवेश के लिए आंदोलन।
- येओला घोषणा (13 अक्टूबर 1935): उन्होंने कहा कि “मैं हिंदू धर्म में पैदा हुआ, पर हिंदू के रूप में मरूँगा नहीं।”
🏛️ राजनीतिक जीवन
- 1926: बंबई विधान परिषद के सदस्य मनोनीत हुए।
- 1928: साइमन कमीशन के सहयोग के लिए बनी बंबई प्रांतीय समिति से जुड़े रहे। वे साइमन कमीशन के सदस्य नहीं थे।
- 1930-32: तीनों गोलमेज सम्मेलनों में दलितों के प्रतिनिधि के रूप में भाग लिया।
- 1932: कम्युनल अवार्ड में दलित वर्गों को पृथक निर्वाचक मंडल मिला। गांधीजी ने इसके विरोध में यरवदा जेल में उपवास किया। इसके बाद 24 सितंबर 1932 को अंबेडकर और गांधीजी के बीच पूना पैक्ट हुआ, जिसमें पृथक निर्वाचक मंडल की जगह दलित वर्गों के लिए आरक्षित सीटें मिलीं।
- 1935: सरकारी लॉ कॉलेज, बंबई के प्राचार्य बने।
- 1936: “जाति का विनाश” (Annihilation of Caste) प्रकाशित; स्वतंत्र मजदूर पार्टी की स्थापना।
- 1942-46: वायसराय की कार्यकारिणी परिषद में श्रम सदस्य रहे।
पूना पैक्ट पर असहयोग आंदोलन, साइमन कमीशन और संवैधानिक विकास के लेख भी देखिए।
📜 संविधान निर्माण में भूमिका
- 29 अगस्त 1947 को संविधान सभा की प्रारूप समिति बनी और अंबेडकर उसके अध्यक्ष चुने गए। इसलिए उन्हें संविधान का प्रमुख शिल्पकार कहा जाता है। संविधान सभा में कई अन्य सदस्यों का भी बड़ा योगदान था।
- संविधान बनाने में कुल 2 वर्ष 11 महीने 18 दिन लगे। 26 नवंबर 1949 को संविधान अपनाया गया और 26 जनवरी 1950 से लागू हुआ।
- अंबेडकर स्वतंत्र भारत के पहले कानून मंत्री बने। हिंदू कोड बिल पर मतभेद के बाद उन्होंने अक्टूबर 1951 में मंत्रिमंडल से इस्तीफ़ा दे दिया।
संविधान से जुड़े विषय पढ़ें: संविधान की विशेषताएँ, राज्य के नीति निर्देशक तत्त्व और मूल कर्तव्य।
☸️ बौद्ध धर्म और निधन
- 14 अक्टूबर 1956 को नागपुर की दीक्षाभूमि में अपने लाखों अनुयायियों के साथ बौद्ध धर्म की दीक्षा ली।
- 6 दिसंबर 1956 को दिल्ली में निधन हुआ। इस दिन को महापरिनिर्वाण दिवस के रूप में मनाया जाता है।
- उनकी अंतिम पुस्तक “द बुद्ध एंड हिज धम्म” उनके निधन के बाद 1957 में प्रकाशित हुई।
📚 प्रमुख रचनाएँ
| रचना | वर्ष / विवरण |
|---|---|
| Castes in India | 1916 का शोध-पत्र |
| The Problem of the Rupee | 1923 |
| Annihilation of Caste (जाति का विनाश) | 1936 |
| Pakistan or the Partition of India | 1940 |
| Who Were the Shudras? | 1946 |
| The Buddha and His Dhamma | 1957 (मरणोपरांत) |
💡 याद रखने की ट्रिक
“मूकनायक 20, बहिष्कृत 27”: मूकनायक 1920, बहिष्कृत भारत 1927, और महाड़ सत्याग्रह भी 1927 में। अगर कोई वर्ष पूछे, तो ये तीनों जोड़ी बनाकर याद रखें।
“मूकनायक 20, बहिष्कृत 27”: मूकनायक 1920, बहिष्कृत भारत 1927, और महाड़ सत्याग्रह भी 1927 में। अगर कोई वर्ष पूछे, तो ये तीनों जोड़ी बनाकर याद रखें।
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📝 अभ्यास प्रश्न (MCQ)
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प्रश्न 1. डॉ. भीमराव अंबेडकर का जन्म किस स्थान पर हुआ था?
(1) नागपुर
(2) महू
(3) रत्नागिरी
(4) सतारा
(2) महू
(3) रत्नागिरी
(4) सतारा
👉 उत्तर देखें
उत्तर: (2) महू
उनका जन्म 14 अप्रैल 1891 को महू छावनी (मध्य प्रदेश) में हुआ।
उनका जन्म 14 अप्रैल 1891 को महू छावनी (मध्य प्रदेश) में हुआ।
प्रश्न 2. कथन:
(A) महाड़ सत्याग्रह 1927 में हुआ।
(B) पूना पैक्ट 24 सितंबर 1932 को अंबेडकर और गांधीजी के बीच हुआ।
(C) अंबेडकर ने 14 अक्टूबर 1956 को नागपुर में बौद्ध धर्म अपनाया।
(D) अंबेडकर साइमन कमीशन के सदस्य थे।
(A) महाड़ सत्याग्रह 1927 में हुआ।
(B) पूना पैक्ट 24 सितंबर 1932 को अंबेडकर और गांधीजी के बीच हुआ।
(C) अंबेडकर ने 14 अक्टूबर 1956 को नागपुर में बौद्ध धर्म अपनाया।
(D) अंबेडकर साइमन कमीशन के सदस्य थे।
(1) केवल A और B
(2) केवल A, B और C
(3) केवल B, C और D
(4) A, B, C और D सभी
(2) केवल A, B और C
(3) केवल B, C और D
(4) A, B, C और D सभी
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उत्तर: (2) केवल A, B और C
D गलत है। अंबेडकर साइमन कमीशन के सदस्य नहीं थे; वे उसके साथ सहयोग के लिए बनी बंबई प्रांतीय समिति से जुड़े थे।
D गलत है। अंबेडकर साइमन कमीशन के सदस्य नहीं थे; वे उसके साथ सहयोग के लिए बनी बंबई प्रांतीय समिति से जुड़े थे।
प्रश्न 3. सूची I को सूची II से सुमेलित कीजिए:
| सूची I | सूची II |
|---|---|
| (A) मूकनायक | (I) 1920 |
| (B) बहिष्कृत भारत | (II) 1927 |
| (C) बहिष्कृत हितकारिणी सभा | (III) 1924 |
| (D) स्वतंत्र मजदूर पार्टी | (IV) 1936 |
(1) A-II, B-I, C-III, D-IV
(2) A-I, B-II, C-IV, D-III
(3) A-I, B-II, C-III, D-IV
(4) A-III, B-II, C-I, D-IV
(2) A-I, B-II, C-IV, D-III
(3) A-I, B-II, C-III, D-IV
(4) A-III, B-II, C-I, D-IV
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उत्तर: (3) A-I, B-II, C-III, D-IV
मूकनायक 1920; बहिष्कृत भारत 1927; बहिष्कृत हितकारिणी सभा 1924; स्वतंत्र मजदूर पार्टी 1936।
मूकनायक 1920; बहिष्कृत भारत 1927; बहिष्कृत हितकारिणी सभा 1924; स्वतंत्र मजदूर पार्टी 1936।
प्रश्न 4. अभिकथन (A): डॉ. अंबेडकर को भारतीय संविधान का प्रमुख शिल्पकार कहा जाता है।
कारण (R): वे संविधान सभा की प्रारूप समिति के अध्यक्ष थे।
कारण (R): वे संविधान सभा की प्रारूप समिति के अध्यक्ष थे।
(1) A और R दोनों सही हैं और R, A की सही व्याख्या है
(2) A और R दोनों सही हैं, पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
(3) A सही है, R गलत है
(4) A गलत है, R सही है
(2) A और R दोनों सही हैं, पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
(3) A सही है, R गलत है
(4) A गलत है, R सही है
👉 उत्तर देखें
उत्तर: (1) A और R दोनों सही हैं और R, A की सही व्याख्या है
प्रारूप समिति के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने संविधान के मसौदे को आकार देने में केंद्रीय भूमिका निभाई।
प्रारूप समिति के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने संविधान के मसौदे को आकार देने में केंद्रीय भूमिका निभाई।
प्रश्न 5. सही कालक्रम चुनिए:
(A) महाड़ सत्याग्रह (B) पूना पैक्ट (C) येओला घोषणा (D) संविधान को अपनाया जाना
(A) महाड़ सत्याग्रह (B) पूना पैक्ट (C) येओला घोषणा (D) संविधान को अपनाया जाना
(1) A, C, B, D
(2) A, B, C, D
(3) B, A, C, D
(4) A, B, D, C
(2) A, B, C, D
(3) B, A, C, D
(4) A, B, D, C
👉 उत्तर देखें
उत्तर: (2) A, B, C, D
1927, 1932, 1935 और फिर 1949।
1927, 1932, 1935 और फिर 1949।
प्रश्न 6. कथन I: अंबेडकर स्वतंत्र भारत के पहले कानून मंत्री थे।
कथन II: उन्होंने हिंदू कोड बिल पर मतभेद के कारण 1951 में मंत्रिमंडल से इस्तीफ़ा दिया।
कथन II: उन्होंने हिंदू कोड बिल पर मतभेद के कारण 1951 में मंत्रिमंडल से इस्तीफ़ा दिया।
(1) दोनों कथन सही हैं
(2) कथन I सही है, कथन II गलत है
(3) कथन I गलत है, कथन II सही है
(4) दोनों कथन गलत हैं
(2) कथन I सही है, कथन II गलत है
(3) कथन I गलत है, कथन II सही है
(4) दोनों कथन गलत हैं
👉 उत्तर देखें
उत्तर: (1) दोनों कथन सही हैं
दोनों कथन सही हैं।
दोनों कथन सही हैं।
❓ अंबेडकर पर सवाल-जवाब (FAQ)
1. डॉ. अंबेडकर का जन्म कब और कहाँ हुआ?
14 अप्रैल 1891 को महू छावनी, मध्य प्रदेश में।
2. संविधान निर्माण में अंबेडकर की क्या भूमिका थी?
वे संविधान सभा की प्रारूप समिति के अध्यक्ष थे, इसलिए उन्हें संविधान का प्रमुख शिल्पकार कहा जाता है।
3. पूना पैक्ट कब और किसके बीच हुआ?
24 सितंबर 1932 को डॉ. अंबेडकर और महात्मा गांधी के बीच। इसमें पृथक निर्वाचक मंडल की जगह दलित वर्गों के लिए आरक्षित सीटें तय हुईं।
4. अंबेडकर ने बौद्ध धर्म कब अपनाया?
14 अक्टूबर 1956 को नागपुर की दीक्षाभूमि में।
5. अंबेडकर का प्रसिद्ध नारा क्या है?
“शिक्षित बनो, संगठित रहो, संघर्ष करो।”

केवल कृष्ण घोड़ेला
एम.ए., बी.एड. (नेट हिंदी), कॉलेज व्याख्याता, श्रीगंगानगर (राजस्थान)। हिंदी साहित्य चैनल के संचालक।
एम.ए., बी.एड. (नेट हिंदी), कॉलेज व्याख्याता, श्रीगंगानगर (राजस्थान)। हिंदी साहित्य चैनल के संचालक।